
अलीम इनामदार,
मुंबई: मुंबई में मैनहोल पर काम के दौरान नागरिकों और महानगरपालिका कर्मचारियों की सुरक्षा को और मजबूत करने के उद्देश्य से चौकोर आकार का ‘मैनहोल रेलगार्ड’ विकसित किया गया है। सोमवार, 13 जुलाई 2026 को मुंबई महानगरपालिका मुख्यालय में महापौर रितु तावड़े और अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त (परियोजना) अभिजीत बांगर ने इस प्रोटोटाइप का निरीक्षण किया। इस दौरान कई नगरसेवक और नगरसेविकाएं भी उपस्थित रहे।
निरीक्षण के दौरान मैनहोल रेलगार्ड के प्रभावी उपयोग को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए गए। मैनहोल के आकार के अनुसार रेलगार्ड को छोटा-बड़ा करने की सुविधा, रात के समय बेहतर दृश्यता के लिए रिफ्लेक्टर लगाने और ब्लिंकिंग लाइट की व्यवस्था करने जैसे सुझाव शामिल हैं।
जानकारी के अनुसार, इस रेलगार्ड को मजबूत और सुविधाजनक तरीके से तैयार किया गया है। इसकी ऊंचाई 1 मीटर, लंबाई 1.5 मीटर और चौड़ाई 1.5 मीटर है। अलग-अलग जरूरतों के अनुसार यह 225 किलो और 80 किलो वजन के दो विकल्पों में उपलब्ध है।
फिलहाल इस ‘मैनहोल रेलगार्ड’ का एल वार्ड में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर परीक्षण किया जाएगा। वास्तविक इस्तेमाल के दौरान मिलने वाले अनुभव, तकनीकी जरूरतों तथा महानगरपालिका कर्मचारियों और नागरिकों के सुझावों के आधार पर इसके डिजाइन और उपयोग को लेकर आगे का निर्णय लिया जाएगा।
पायलट प्रोजेक्ट के नतीजों का अध्ययन करने के बाद मुंबई महानगरपालिका प्रशासन यह तय करेगा कि ‘मैनहोल रेलगार्ड’ को मुंबई के अन्य सभी प्रशासनिक वार्डों में लागू किया जाए या नहीं।